भारत के शर्मनाक अगस्‍ता वेस्‍टलैंड घोटाले पर एक नज़र


भारत अब लोकतांत्रिक नहीं बल्कि घोटालों का देश बन चुका है। यहां पर मंत्रियों से लेकर सरकारी कर्मचारी तक भ्रष्‍टाचार में लिप्‍त हैं। आज हम आपको देश के सबसे बड़े घोटालों में से एक अगस्‍ता वेस्‍टलैंड घोटाले के बारे में बताने जा रहे हैं।
तो चलिए जानते हैं इस घोटाले की पूरी सच्‍चाई।
क्‍या है पूरा मामला
अगस्‍ता वेस्‍टलैंड एक हेलिकॉप्‍टर घोटाला था जिसमें भारत की अगस्‍ता वेस्‍टलैंड कंपनी से खरीदे जा रहे हेलिकॉप्‍टरों से जुड़ा है। ये मामला साल 2007 का है और इसमें यूपीए सरकार लिप्‍त थी। यूपीए 1 सरकार के कार्यकाल में अगस्‍ता वेस्‍टलैंड कंपनी से वीवीआईवी लोगों के लिए 12 एडब्‍ल्‍यू 101 हेलिकॉप्‍टरों को खरीदने के लिए सौदा किया गया था।
3600 करोड़ रुपए का घोटाला
ये घोटाला कोई छोटा नहीं था बल्कि इसमें पूरे 3600 करोड़ रुपयों का गमन किया गया था। हेलिकॉप्‍टरों के सौदे और दलाली का यह मामला साल 2013 से 14 में सामने आया था। इस सौदे में भारत के कई राजेनता और सैन्‍य अधिकारी लिप्‍त पाए गए थे। उन पर आरोप है कि उन्‍होंने अगस्‍ता वेस्‍टलैंड कंपनी से रिश्‍वत लेकर इस घोटाले को अंजाम दिया था।
इस घोटाले का तब पता चला जब इटली के एयरोस्‍पेस और डिफेंस निर्माण से जुड़ी कंपनी फिनमेकानिका के पूर्व मुखिया ओरसी को स्‍थानीय पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में कंपनी फिनमेकानिका को दोषी पाया गया है और खबरों की मानें तो कोर्ट ने इस कंपनी के अधीनस्‍थ कंपनी अगस्‍ता वेस्‍टलैंड के पूर्व सीईओ ब्रूनो स्‍पैगनोलिनि को साढ़े चार साल की सजा सुनाई।
ओरसी का आरोप था कि भारत सरकार ने वीवीआईपी हेलिकॉप्‍टरों के इस सौदे को पाने के लिए 362 करोड़ की रिश्‍वत दी थी। दिल्‍ली की एक अदालल में द्वारा पिछले हफ्ते ही इस मामले के आरोपी पूर्व वायुसेना प्रमुख एसपी त्‍यागी और उनके भाईयों को जमानत मिली है। इस मामले में अन्‍य आरोपी कार्लो गेरोसा और जीआर हेश्‍के हैं जिन्‍हें अब तक जमानत नहीं मिली है। आपको बता दें कि देश के इस सबसे बड़े घोटाले में वीवीआईवी हेलिकॉप्‍टर सौदे में पूर्व एयर चीफ एसपी त्‍यागी समेत 18 लोगों को आरोपी बनाया गया है।
अब इस मामले में एक नया मोड़ आया है। इस घोटाले में बिचौलिया रहे क्रिश्चियन मिशेल लापता हो गए हैं। दुबई की एक अदालत ने मिशेल के भारत को प्रत्‍यर्पण का आदेश दिए जाने के कुछ घंटों बाद ही ये खबर आई कि मिशेल लापता हो गए हैं। खबरों की मानें तो इस वीवीआईपी घोटाले में मिशेल ने रिश्‍वत के लेन-देन का इंतजाम किया था। उनके वकील ने कहा कि जब कोर्ट का आदेश आया तो मिशेल को कहीं भी ढूंढ़ा नहीं जा सका। साथ ही ये भी पता चला है कि मिशेल के मिलते ही उन्‍हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
ऐसा पहली बार नहीं हुआ है कि देश में किसी घोटाले ने अंतर्राष्‍ट्रीय स्‍तर पर भारत को शर्मिंदा किया हो। पहले भी कई बार राजनेताओं पर घोटाले के आरोप लग चुके हैं और इनमें से कॉमनवैल्‍थ घोटाला और चारा घोटाला प्रमुख है। शायद यही वजह है कि भारत अब घोटालों का देश बन चुका है।  
पढ़ने के लिए धन्यवाद!

कृपया हमें बताएं कि आप इस मुद्दे के बारे में कैसा सोचते हैं?
आपके विचारों को जानकर हमें खुशी मिलेगी, इससे हमें खुद को सुधारने में भी मदद मिलेगी।
Please Like, Comment and Share.

कोई टिप्पणी नहीं

Blogger द्वारा संचालित.