पोप फ्रांसिस ने कहा- मैसी शानदार खिलाड़ी लेकिन भगवान न कहें, यह ईश्वर को अपवित्र करने जैसा

आदित्या लोक, स्पेशल करोस्पोंडेंट:

वेटिकन सिटी. अर्जेंटीना के फुटबॉलर लियोनेल मैसी के दुनियाभर में करोड़ों फैंस हैं। ये लोग उन्हें भगवान की तरह मानते हैं। पोप फ्रांसिस का कहना है कि मैसी एक शानदार खिलाड़ी हैं लेकिन उन्हें भगवान नहीं कहना चाहिए। यह ईश्वर को अपवित्र करने जैसा है।

मैसी 10 नंबर की जर्सी पहनते हैं लिहाजा फैंस उन्हें डायोस (स्पेनिश में भगवान) कहकर संबोधित करते हैं। एक स्पेनिश टेलीविजन चैनल को दिए इंटरव्यू में फ्रांसिस ने कहा कि 'मैसी ग्राउंड पर फुटबॉल के भगवान हैं', यह भावनाओं को प्रदर्शित करने का तरीका हो सकता है। यह कुछ ऐसा ही है कि आप किसी से कहें कि मैं आप पर श्रद्धा रखता हूं। लेकिन पूजा तो सिर्फ भगवान की ही हो सकती है।

'मैसी इंसान भी नहीं'
पोप द्वारा मैसी को भगवान न बताए जाने पर फैंस ने थोड़ी नाराजगी जताई। एक यूजर एपेक्स ने लिखा- मैसी भगवान नहीं हैं लेकिन वह इंसान भी नहीं हो सकते। एक अन्य यूजर तांकेद्री पाल्मेरी ने कहा- मैं पोप की बात से सहमत हूं। मैसी भगवान नहीं हैं। मैसी इस बात का सबूत हैं कि भगवान का अस्तित्व है।

चार वर्ल्ड कप खेल चुके मैसी
मैसी ने अर्जेंटीना के लिए 129 मैच खेले। इस दौरान उन्होंने 65 गोल किए। वे चार वर्ल्ड कप खेल चुके हैं, लेकिन अब तक टीम को वर्ल्ड चैम्पियन नहीं बना सके। वहीं, चार बार उनके रहते हुए टीम कोपा अमेरिका के फाइनल में हारी। क्लब मैचों में मैसी का रिकॉर्ड बेहतरीन है। उन्होंने स्पेन के बार्सीलोना के लिए 446 मैच में 415 गोल किए। वे पांच बार फीफा 'बैलेन डी'ओर' अवॉर्ड जीत चुके हैं। तीन बार यूरोप के बेस्ट फुटबॉलर भी चुने गए।



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मैसी चार वर्ल्ड कप खेल चुके हैं। (फाइल)

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