भाजपा की रथयात्राओं पर हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस की बेंच ने रोक लगाई, सिंगल बेंच का फैसला पलटा
कोलकाता. कलकत्ता हाईकोर्ट की चीफ जस्टिस की बेंच ने भाजपा की रथ यात्राओं पर रोक लगा दी है। गुरुवार को हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने ही इन यात्राओं को मंजूरी दी थी। इस फैसले के खिलाफ बंगाल सरकार ने चीफ जस्टिस की बेंच में अपील की थी।
सिंगल बेंच के फैसले में रथयात्राओं को मंजूरी दिए जाने के बाद भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने कहा था- यह फैसला निरंकुशता के मुंह पर तमाचा है।
भाजपा ने बंगाल सरकार द्वारा रथ यात्राओं की अनुमति ना दिए जाने पर हाईकोर्ट में अपील दायर की थी। हालांकि, गुरुवार को सिंगल बेंच के फैसले से पहले भी एक बेंच भाजपा की अपील खारिज कर चुकी थी। रथ यात्रा राज्य के 24 जिलों से गुजरनी है।
राज्य सरकार ने रथ यात्रा की अनुमति संबंधी भाजपा के पत्रों का जवाब नहीं दिया था। इस पर पिछली सुनवाई में हाईकोर्ट ने सरकार को फटकार लगाई थी। राज्य सरकार ने कोर्ट में तर्क दिया था कि भाजपा की रथ यात्रा से साम्प्रदायिक तनाव फैल सकता है।
शाह की रथ यात्रा के जरिए 40 दिन में 294 विधानसभा क्षेत्रों को कवर करने की योजना है। यात्रा 7 दिसंबर को कूच बिहार से, 9 दिसंबर को दक्षिण 24 परगना के काकद्वीप से और 14 दिसंबर को तारापीठ से रवाना करने की योजना थी।
कोई टिप्पणी नहीं